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GST का मजाक उड़ाने वालों को अपने अंदर झांकना चाहिए -अरुण जेटली

नई दिल्ली: वित्त मंत्री अरुण जेटली (Finance Minister Arun Jaitley) ने सोमवार को कहा कि आगे के राजस्व में अच्छी बढ़ोतरी होने पर देश में माल और सेवा कर की तीन दरें रह जाएंगी जिसमें 0 प्रतिशत और 5 प्रतिशत की दर के साथ सामान्य जरुरत की वस्तुओं पर एक मानक दर होगी जो 12 से 18 प्रतिशत के बीच होगी। जेटली ने साथ में यह भी कहा कि विलासिता और अहितकारी वस्तुओं को उच्च कर के दायरे में बनाए रखा जाएगा।

उन्होंने जीएसटी के मामले में सरकार के आलोचकों पर तंज कसते हुए किहा, ‘जिन लोगों ने भारत को 31 प्रतिशत अप्रत्यक्ष कर के बोझ के नीचे दबा रखा था और जो जीएसटी का उपहास करते रहे हैं उन्हें अपने अंदर झांकना चाहिए।’ उन्होंने यह भी लिखा है कि ‘गैर जिम्मेदाराना राजनीति और गैर जिम्मेदाराना अर्थ-नीति दोनों केवल रसातल में ही ले जाती हैं।’

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